यात्रा : सिरपुर, छत्तीसगढ़

सिरपुर महानदी नदी के तट पर स्थित है और रायपुर, छत्तीसगढ़ से लगभग तीन घंटे की दूरी पर है । यह एक छोटा शहर है, लेकिन सभी प्रकार के यात्रियों के लिए बहुत कुछ है – ऐतिहासिक, कला आधारित, साहसिक और वास्तव में इससे भी अधिक!

  • प्रशिक्षित गाइड : डॉ. गोवर्धन कन्नौजे
  • मोबाइल : 9826895492

 

सिरपुर : 3 धर्मों का संगम

  • सिरपुर 3 धर्मों का संगम है. ये हिंदू, बौद्ध, जैन की मौजूदगी को दर्शाती है.
  • सिरपुर के 10 किलोमीटर के क्षेत्र में 21 शिव मंदिर, 10 बौद्ध विहार, 5 विष्णु मंदिर और 1 जैन विहार मिला है.
  • इसके अलावा यहां एक बहुत बड़ा मार्केट मिला है. 51 पुराने तालाब भी खुदाई में मिले हैं.
  • इन मूर्तियों को रखने के लिए लक्ष्मण मंदिर परिसर में 3 संग्रहालय बनाया गया है, जहां 6वीं से 9वीं शताब्दी की मूर्तियों को रखा गया है.

लक्षमण मंदिर

प्रवेश 

  • लक्ष्मण मंदिर में प्रवेश करने के लिए टिकट लेना पड़ता है.
  • अगर आप भारी सामान के साथ सिरपुर पहुंच रहे हैं तो आपके लिए बैग काउंटर भी बनाया गया है वहां आप सामान रख सकते हैं.
  • लक्ष्मण मंदिर के भ्रमण के लिए प्रति व्यक्ति 25 रुपए का टिकट लगता है.
  • अगर वीडियोग्राफी करना चाहते हैं तो इसके लिए भी अलग से 25 रुपए का टिकट लेना पड़ता है.

विशेषताएं

  • लक्ष्मण मंदिर का अनोखा निर्माण है.
  • मंदिर लाल ईंटों से बनाया गया है. इन ईंटों के बीच में गैप बिलकुल नहीं 
  • सीमेंट की जगह ईंटों को जोड़ने के लिए ‘आयुर्वेद पेस्ट’ बनाया गया था. उसमें उड़द दाल, बबूल का गोंद, चुना, गुड़ और जंगली जड़ी-बूटियों आदि को मिक्स कर बनाया गया था.
  • ईंटों को बनाते समय चावल की भूसी के खाली निशान दिखते हैं, अगर किसी कारणवश चावल की भूसी जलने से बच जाती है तब उसकी कार्बन डेटिंग से ईंटों को बनने का समय ज्ञात कर लिया जाता है।  
  • पत्थरों में नक्काशी करना सरल है लेकिन ईंटों में नक्काशी करना बहुत ही कठिन होता है. ईंटों पर हाथी, सिंह और पशु-पक्षी बनाए गए हैं. मंदिर के ईशान दिशा में प्राचीन कुएं अंडाकार में बनाए गए हैं. अंदर का हिस्सा सकरी है और ऊपर का हिस्सा चौड़ा है. ये कुंआ भूकंपरोधी माना जाता है.
  • सिरपुर के लक्ष्मण मंदिर का निर्माण सन् 525 से 540 के बीच हुआ।
  • सिरपुर (श्रीपुर) में शैव राजाओं का शासन हुआ करता था, इन्हीं शैव राजाओं में एक थे सोमवंशी राजा हर्षगुप्त
  • हर्षगुप्त की पत्नी रानी वासटादेवी, वैष्णव संप्रदाय से संबंध रखती थीं, जो मगध नरेश सूर्यवर्मा की बेटी थीं।
  • राजा हर्षगुप्त की मृत्यु के बाद ही रानी ने उनकी याद में इस मंदिर का निर्माण कराया था।
  • यही कारण है कि लक्ष्मण मंदिर को एक हिन्दू मंदिर के साथ नारी के मौन प्रेम का प्रतीक भी माना जाता है।
  • अक्सर हमें प्रेम के प्रतीक में आगरा के ताजमहल के बारे में ही बताया गया लेकिन एक नारी और पुरुष के वास्तविक प्रेम के प्रतीक सिरपुर के लक्ष्मण मंदिर को हमारी जानकारी से हमेशा दूर रखा गया क्योंकि यह एक हिन्दू मंदिर था। एक रानी का अपने राजा के प्रति प्रेम इतना प्रगाढ़ था कि उन्होंने एक ऐसे मंदिर का निर्माण कराया, जो कई आपदाओं को झेलने के बाद भी आज उसी स्वरूप में है, जैसे आज से 1,500 वर्ष पहले था।
  • ऐतिहासिक जानकारियों के अनुसार 12वीं शताब्दी में सिरपुर में आए विनाशकारी भूकंप ने तत्कालीन श्रीपुर का पूरा वैभव छीन लिया था। इस भूकंप में पूरा श्रीपुर नष्ट हो गया था लेकिन यह लक्ष्मण मंदिर अप्रभावित रहा।
  • 14वीं-15वीं शताब्दी के दौरान महानदी की भयानक बाढ़ ने सिरपुर में तबाही मचा दी थी। लेकिन इन दोनों विनाशकारी आपदाओं के चलते सिरपुर के अनेकों मंदिर और धर्मस्थल तबाह हो गए लेकिन एक पत्नी के निश्छल प्रेम का यह प्रतीक बिना किसी नुकसान के सदियों से भक्ति और श्रद्धा की कहानी कहता आ रहा है।

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सुरंग और एलियंस की प्रतिकृतियां

  • भूकंप रोधी सुरंग : इस सवाल का जन्म तब हुआ जब छत्तीसगढ़ के सिरपुर में एक प्राचीन भूकंप रोधी सुरंग मिली। जब इसकी खुदाई की गई तो एलियन जैसी दिखने वाली मिट्टी की कुछ आकृतियां मिलीं। इस पर डॉक्यूमेंट्री बनाने के लिए अमेरिका की एक टीम भी पहुंची। खुदाई के बारे में पुरातत्वविद् डॉक्टर अरुण शर्मा कहते हैं कि यहां करीब 26 सौ पुरानी पकाई हुई मिट्टी के पुतले और मास्क मिले हैं। जो एलियंस की तरह दिखते हैं।
  • वैज्ञानिकों ने भी जताया आश्चर्य :  डॉ. शर्मा ने इन आकृतियों को कुछ वैज्ञानिक को भी दिखाया। तब उन्होंने आश्चर्य किया कि आखिर ऐसा कैसे संभव हो सकता है। उनका मानना है कि जब तक बनाने वाले एलियन को नहीं देखे होंगे, तब तक एलियन की तरह दिखने वाली हूबहू आकृति नहीं बना सकते हैं। ऐसे में इस बात की गुंजाइश बढ़ जाती है कि यहां एलियन आए होंगे जिन्हें देखकर ही उनकी आकृतियां बनाई गईं।
  • हाईटेक मंदिर की बनावट : चूंकि सिरपुर में 11 वीं शताब्दी में भयंकर भूकंप आया था, जिसमें आस-पास का इलाका तबाह हो गया था लेकिन इसे कोई नुकसान नहीं हुआ। ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर 2600 साल पहले इतने हाईटेक तरीके से इसे किसने बनवाया, संभावना ये कि क्या एलियन ने इसका निर्माण किया?